अजनबी न्यूज जयपुर। राजस्थान के अपराध जगत की सबसे सनसनीखेज कहानियों में से एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आया है। साल 2018 के बहुचर्चित दुष्यंत शर्मा हत्याकांड की मुख्य आरोपी प्रिया सेठ, जिसने कभी अपने प्रेमी का कर्ज उतारने के लिए मौत का खूनी खेल खेला था, अब अपनी जिंदगी की नई शुरुआत करने जा रही है। हैरानी की बात यह है कि उसे यह नया प्यार किसी डेटिंग ऐप पर नहीं, बल्कि जेल की चारदीवारी के बीच मिला है।
अतीत का ‘खूनी’ कर्ज
प्रिया सेठ की कहानी किसी को भी सिहरा देने वाली है। उसने अपने तत्कालीन प्रेमी दीक्षांत कामरा के सिर चढ़े कर्ज को उतारने के लिए साजिश की एक ऐसी जाल बुनी थी, जिसमें फंसकर मासूम दुष्यंत शर्मा को अपनी जान गंवानी पड़ी। डेटिंग ऐप के जरिए दोस्ती और फिर अपहरण के बाद बेरहमी से हत्या—इस जुर्म ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया था। इस गुनाह के लिए प्रिया आज आजीवन कारावास की सजा काट रही है।

जेल की काल कोठरी में खिला ‘गुलाब’
कहते हैं प्यार जगह नहीं देखता। जयपुर की खुली जेल में सजा काटते हुए प्रिया की मुलाकात हनुमान प्रसाद से हुई। हनुमान भी हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहा है। सजा के लंबे सफर के दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और अब यह रिश्ता शादी की दहलीज तक पहुंच गया है।
📜 पैरोल पर शादी की शहनाई
राजस्थान हाईकोर्ट के हस्तक्षेप और जिला पैरोल एडवाइजरी कमेटी की मंजूरी के बाद, दोनों की जिंदगी में 15 दिन की खुशियां आई हैं:
मंजूरी: कोर्ट ने प्रिया सेठ और हनुमान प्रसाद दोनों को 15 दिन की पैरोल दी है।
शादी की तारीख: दोनों कल यानी 23 जनवरी को अलवर जिले के बड़ौदामेव में विवाह बंधन में बंधेंगे।
पैरवी: अधिवक्ता विश्राम प्रजापत ने कोर्ट में उनका पक्ष रखा, जिसके बाद यह ऐतिहासिक पैरोल मंजूर हुई।


