शिवपुरी के नरवर में बीच बाजार दहशत का तांडव; बचाने आई भाभी को भी नहीं बख्शा
/// राहुल अष्ठाना अजनबी ///
नरवर (शिवपुरी): एक साल से सूनी पड़ी मांग, आंखों में अपनी मासूम बेटी का भविष्य और दिल में पति की प्रताड़ना का डर… राजकुमारी ने सोचा भी नहीं था कि जिस रास्ते से वो अपनी लाड़ली को स्कूल लेने जा रही है, वहां उसकी जिंदगी का सबसे खौफनाक मंजर इंतज़ार कर रहा है।
🔨 बीच सड़क पर ‘हथौड़ा मार’ पति का तांडव
सोमवार की वो शाम नरवर के पुराने डाकघर इलाके के लिए आम नहीं थी। नारायणपुर की बेटी राजकुमारी (23) अपनी भाभी नीलम के साथ बेटी को लेने स्कूल जा रही थी। तभी अचानक पीछे से काल बनकर आया उसका पति रवि कुशवाह। इससे पहले कि राजकुमारी कुछ समझ पाती, रवि के हाथ में चमक रहे लोहे के भारी हथौड़े ने उसकी खोपड़ी पर जोरदार प्रहार किया।
चीख-पुकार और खून के फव्वारों के बीच जब भाभी नीलम अपनी ननद को बचाने के लिए ढाल बनी, तो सनकी पति ने उस पर भी रहम नहीं किया। बीच बाजार हथौड़े चलते रहे और लोग मूकदर्शक बने तमाशा देखते रहे।

🏠 मायके की दहलीज और टूटता रिश्ता
राजकुमारी और रवि की शादी कुछ साल पहले बड़े अरमानों के साथ हुई थी, लेकिन जल्द ही यह रिश्ता ‘मारपीट’ और ‘क्लेश’ की भेंट चढ़ गया।
एक साल का अलगाव: पति की हरकतों से तंग आकर राजकुमारी एक साल से मायके में अपनी बेटी के साथ रह रही थी।
दबाव का खूनी अंजाम: आरोपी रवि लगातार उस पर लौटने का दबाव बना रहा था, लेकिन राजकुमारी को क्या पता था कि इनकार की कीमत उसे अपने खून से चुकानी पड़ेगी।
🚔 पुलिस की तलाश और अस्पताल में जंग
वारदात को अंजाम देकर दरिंदा पति तो फरार हो गया, लेकिन पीछे छोड़ गया लहूलुहान सड़कों पर दर्द की दास्तां। दोनों घायल महिलाओं को गंभीर हालत में ग्वालियर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है, जहां उनकी जिंदगी और मौत के बीच जंग जारी है।
”यह सिर्फ एक हमला नहीं, एक मां की ममता और एक औरत के आत्मसम्मान पर वार है। पुलिस आरोपी को पाताल से भी ढूंढ निकालेगी।” — विनय यादव, थाना प्रभारी नरवर

